Saturday, December 3, 2022

क्वारेंटाइन सेंटर में जमीन में सो रहे मजदूर की सांप काटने से मौत

मुंगेली– कोरोना संक्रमण से बचाव के लिए बाहर से लौट रहे श्रमिकों को क्वारेंटाइन किया जा रहा है। इसी बीच मुंगेली के क्वारेंटाइन सेंटर से बड़ी लापरवाही का मामला सामने आया है, जहां सांप के काटने से एक मजदूर की मौत हो गई है।

मामला मुंगेली जिले के कोतवाली थाना क्षेत्र के किरना गांव की है। शनिवार को पूणे से लौटने के बाद योगेश वर्मा नाम के मजदूर को किरना पंचायत भवन के क्वारंटाइन सेंटर में ठहराया गया था. जहां सोने के लिए बेड की व्यवस्था नहीं की गई है. जिस कारण बेबस मजदूर जमीन पर ही सोने को मजबूर है.

रविवार तड़के मजदूर योगेश को जहरीले सांप ने डस लिया. उसे अस्पताल ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई. वहीं घटना के बाद वहां मौजूद लोगों ने सांप को भी मार डाला है। यदि क्वारंटाइन सेंटर में सोने के लिए बेड की व्यवस्था होती तो शायद उसकी जान बच जाती।

मुंगेली एसडीएम चित्रकान्त चार्ली ठाकुर ने इस घटना को प्राकृतिक करार देते हुए कहा है, कि क्वारन्टीन सेंटरों में दोबारा कोई मजदूर बाहर न सोये इसके लिए विशेष रुप से ध्यान देने पंचायत को निर्देशित किया जाएगा. फिलहाल मृतक के परिजन को 10 हजार रुपये की तात्कालिक सहायता राशि दी गई है. आगे प्रकरण के तहत 4 लाख की मुआवजा राशि शासन द्वारा प्रदान की जाएगी

GiONews Team
Editor In Chief

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मुंगेली– कोरोना संक्रमण से बचाव के लिए बाहर से लौट रहे श्रमिकों को क्वारेंटाइन किया जा रहा है। इसी बीच मुंगेली के क्वारेंटाइन सेंटर से बड़ी लापरवाही का मामला सामने आया है, जहां सांप के काटने से एक मजदूर की मौत हो गई है।

मामला मुंगेली जिले के कोतवाली थाना क्षेत्र के किरना गांव की है। शनिवार को पूणे से लौटने के बाद योगेश वर्मा नाम के मजदूर को किरना पंचायत भवन के क्वारंटाइन सेंटर में ठहराया गया था. जहां सोने के लिए बेड की व्यवस्था नहीं की गई है. जिस कारण बेबस मजदूर जमीन पर ही सोने को मजबूर है.

रविवार तड़के मजदूर योगेश को जहरीले सांप ने डस लिया. उसे अस्पताल ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई. वहीं घटना के बाद वहां मौजूद लोगों ने सांप को भी मार डाला है। यदि क्वारंटाइन सेंटर में सोने के लिए बेड की व्यवस्था होती तो शायद उसकी जान बच जाती।

मुंगेली एसडीएम चित्रकान्त चार्ली ठाकुर ने इस घटना को प्राकृतिक करार देते हुए कहा है, कि क्वारन्टीन सेंटरों में दोबारा कोई मजदूर बाहर न सोये इसके लिए विशेष रुप से ध्यान देने पंचायत को निर्देशित किया जाएगा. फिलहाल मृतक के परिजन को 10 हजार रुपये की तात्कालिक सहायता राशि दी गई है. आगे प्रकरण के तहत 4 लाख की मुआवजा राशि शासन द्वारा प्रदान की जाएगी