Tuesday, August 16, 2022

राज्यपाल ने केंद्रीय गृहमंत्री से की बात, छत्तीसगढ़ सहित भारत के अन्य राज्यों में फंसे प्रवासी श्रमिकों, तीर्थयात्रियों और विद्यार्थियों को उनके राज्य भेजने किया आग्रह

रायपुर– राज्यपाल अनुसुईया उइके ने गृहमंत्री अमित शाह को छत्तीसगढ़ सहित भारत के अन्य राज्यों में फंसे हुये प्रवासी श्रमिक, तीर्थयात्रियों और विद्यार्थियों को अपने अपने राज्य भेजने का आग्रह किया है।

उन्होंने इसके लिए उन्हें एक पत्र लिखा है। इसमे उन्होंने आग्रह किया है, कि वर्तमान में संपूर्ण विश्व कोविड-19 कोरोना वायरस की वैश्विक महामारी की दौर से गुजर रहा है। प्रधानमंत्री एवं आपके कुशल नेतृत्व में केन्द्र सरकार के साथ-साथ राज्य सरकारें भी इस गंभीर बीमारी की रोकथाम के लिए निरंतर प्रयासरत है। वर्तमान में छत्तीसगढ़ की स्थिति काफी हद तक नियंत्रण में है। कोरोना वायरस के विस्तार को नियंत्रित किये जाने हेतु भारत सरकार पूर्ण सक्रियता के साथ आवश्यक कदम उठा रही है। उन्होंने कहा है कि लाॅक डाउन का आगामी 03 मई 2020 तक बढ़ाया गया है, छत्तीसगढ़ सहित भारत के कई क्षेत्रों में कई यात्री, श्रमिक एवं छात्र लाॅक डाउन के कारण फंसे हुए हैं, जिनको अपने-अपने राज्यों में वापस भेजे जाने के लिए अनुमति दिये जाए।

सुश्री उइके ने कहा, कि रायपुर के कुछ पालकों ने भी सम्पर्क कर कहा है, कि उनके बच्चे एवं बच्चों की माताएं राजस्थान कोटा में इंजीनियरिंग और मेडिकल के कोचिंग के लिए गये हुए हैं, इनकी संख्या लगभग हजार के आसपास होगी। पालको ने उन बच्चों को अपने राज्य लाने की व्यवस्था करने का अनुरोध किया है। राज्यपाल ने कहा है कि छत्तीसगढ़ एवं अन्य प्रदेशों के प्रवासी श्रमिक हजारों की संख्या में महाराष्ट्र एवं मध्य प्रदेश के प्रवासी श्रमिक जो छत्तीसगढ़ की सीमाओं में फंसे हुए हैं । वे सब अनुमति प्राप्त होने पर छत्तीसगढ़ की सीमा पार कर आगे झारखंड, ओडिशा एवं बंगाल की ओर अपने-अपने प्रदेश जाना चाहते है। इसी तरह दूसरे राज्य में फंसे छत्तीसगढ़ के श्रमिक भी लाॅकडाउन के कारण वे छत्तीसगढ़ वापस आने में असमर्थ हैं। इन सभी को वापस आने के लिए कुछ अनुमति दिया जाना चाहिए। छत्तीसगढ़ के रायपुर जिले में चम्पारण वल्लभाचार्य तीर्थ स्थल पर गुजरात के करीब 100 तीर्थयात्री लाॅकडाउन के कारण वहां पर ठहरे हुए हैं। इसी प्रकार से जिला छिंदवाड़ा मध्यप्रदेश के लगभग 400 तीर्थयात्री पुट्टापर्थी आंध्रप्रदेश में सत्य साईं बाबा आश्रम में लाॅकडाउन के कारण वहीं ठहरे हुए है,परन्तु लाॅक डाउन के कारण उन्हें वहां से अपने राज्य में आने की अनुमति प्राप्त नहीं हो पा रही है।

सुश्री उइके ने गृहमंत्री से अनुरोध किया है कि इन विषयों के संदर्भ में निर्णय ले और विशेष रूप से आंध्र प्रदेश, महाराष्ट्र, राजस्थान, गुजरात प्रदेश को निर्देश देते हुए लॉक डाउन से विशेष परिस्थितियों को ध्यान में रख कर छूट दी जाए। इन आम जनों को अपने- अपने राज्यों में भेजने हेतु दिशा- निर्देश प्रदान करे।

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रायपुर– राज्यपाल अनुसुईया उइके ने गृहमंत्री अमित शाह को छत्तीसगढ़ सहित भारत के अन्य राज्यों में फंसे हुये प्रवासी श्रमिक, तीर्थयात्रियों और विद्यार्थियों को अपने अपने राज्य भेजने का आग्रह किया है।

उन्होंने इसके लिए उन्हें एक पत्र लिखा है। इसमे उन्होंने आग्रह किया है, कि वर्तमान में संपूर्ण विश्व कोविड-19 कोरोना वायरस की वैश्विक महामारी की दौर से गुजर रहा है। प्रधानमंत्री एवं आपके कुशल नेतृत्व में केन्द्र सरकार के साथ-साथ राज्य सरकारें भी इस गंभीर बीमारी की रोकथाम के लिए निरंतर प्रयासरत है। वर्तमान में छत्तीसगढ़ की स्थिति काफी हद तक नियंत्रण में है। कोरोना वायरस के विस्तार को नियंत्रित किये जाने हेतु भारत सरकार पूर्ण सक्रियता के साथ आवश्यक कदम उठा रही है। उन्होंने कहा है कि लाॅक डाउन का आगामी 03 मई 2020 तक बढ़ाया गया है, छत्तीसगढ़ सहित भारत के कई क्षेत्रों में कई यात्री, श्रमिक एवं छात्र लाॅक डाउन के कारण फंसे हुए हैं, जिनको अपने-अपने राज्यों में वापस भेजे जाने के लिए अनुमति दिये जाए।

सुश्री उइके ने कहा, कि रायपुर के कुछ पालकों ने भी सम्पर्क कर कहा है, कि उनके बच्चे एवं बच्चों की माताएं राजस्थान कोटा में इंजीनियरिंग और मेडिकल के कोचिंग के लिए गये हुए हैं, इनकी संख्या लगभग हजार के आसपास होगी। पालको ने उन बच्चों को अपने राज्य लाने की व्यवस्था करने का अनुरोध किया है। राज्यपाल ने कहा है कि छत्तीसगढ़ एवं अन्य प्रदेशों के प्रवासी श्रमिक हजारों की संख्या में महाराष्ट्र एवं मध्य प्रदेश के प्रवासी श्रमिक जो छत्तीसगढ़ की सीमाओं में फंसे हुए हैं । वे सब अनुमति प्राप्त होने पर छत्तीसगढ़ की सीमा पार कर आगे झारखंड, ओडिशा एवं बंगाल की ओर अपने-अपने प्रदेश जाना चाहते है। इसी तरह दूसरे राज्य में फंसे छत्तीसगढ़ के श्रमिक भी लाॅकडाउन के कारण वे छत्तीसगढ़ वापस आने में असमर्थ हैं। इन सभी को वापस आने के लिए कुछ अनुमति दिया जाना चाहिए। छत्तीसगढ़ के रायपुर जिले में चम्पारण वल्लभाचार्य तीर्थ स्थल पर गुजरात के करीब 100 तीर्थयात्री लाॅकडाउन के कारण वहां पर ठहरे हुए हैं। इसी प्रकार से जिला छिंदवाड़ा मध्यप्रदेश के लगभग 400 तीर्थयात्री पुट्टापर्थी आंध्रप्रदेश में सत्य साईं बाबा आश्रम में लाॅकडाउन के कारण वहीं ठहरे हुए है,परन्तु लाॅक डाउन के कारण उन्हें वहां से अपने राज्य में आने की अनुमति प्राप्त नहीं हो पा रही है।

सुश्री उइके ने गृहमंत्री से अनुरोध किया है कि इन विषयों के संदर्भ में निर्णय ले और विशेष रूप से आंध्र प्रदेश, महाराष्ट्र, राजस्थान, गुजरात प्रदेश को निर्देश देते हुए लॉक डाउन से विशेष परिस्थितियों को ध्यान में रख कर छूट दी जाए। इन आम जनों को अपने- अपने राज्यों में भेजने हेतु दिशा- निर्देश प्रदान करे।