चकरभाठा पुलिस ने पकड़ा एमपी की शराब का जखीरा, आबकारी की नियत पर उठ रहे सवाल..

बिलासपुर- चकरभाठा पुलिस ने अवैध शराब का जखीरा पकड़ा है,पुलिस ने इस मामले में 1 आरोपी सुरेश असरानी को गिरफ्तार किया है वही मुख्य आरोपी तेलीपारा निवासी मनीष पर कार्रवाई की तलवार लटकी हुई है, आपको बता दे कि चकरभाठा क्षेत्र में धड़ल्ले से एमपी की शराब की बिक्री की जा रही थी लेकिन आबकारी विभाग की उदासीनता कहे या सेटिंग जिस वजह से आरोपी बेखौफ शराब बिक्री कर रहे थे लेकिन जैसे ही इस बात की भनक चकरभाठा पुलिस को लगी उसने ताबड़तोड़ कार्रवाई करते हुये 1 आरोपी सुरेश असरानी को गिरफ्तार किया वही उसके मुख्य आरोपी मनीष मलघानी की तलाश कर रही है।

आबकारी उपनिरीक्षक आशीष सिंह पर आखिर किसकी आशीष?

आपको बता दे कि जिस क्षेत्र में पुलिस ने शराब का जखीरा पकड़ा है वह आबकारी उपनिरीक्षक आशीष सिंह का क्षेत्र हैं, ये वही आशीष सिंह हैं जो दूसरे के क्षेत्र में तो शराब पकड़ते हैं लेकिन अपने क्षेत्र में शराब वालो को आशीष देकर रखे हैं जिसका नतीजा एमपी का शराब धड़ल्ले से उनके क्षेत्र में बेचा जा रहा है, आपको बता दे कि आशीष सिंह वही आबकारी उपनिरीक्षक हैं जिनका राजनांदगांव ट्रांसफर होने के बाद सेटिंग कराकर वापस बिलासपुर ही आ गए आखिर इस उपनिरीक्षक पर किसकी आशीष हैं जिस वजह से ये अपने क्षेत्र में बिंदास एमपी की शराब बिकवा रहे हैं।

जिस थाना क्षेत्र में अवैध काम हो और उस पर विभाग द्वारा जैसे ही कार्वाई की जाती है तुरंत ही डीजीपी उस थानेदार पर कार्रवाई की गाज गिरा देते हैं लेकिन आबकारी विभाग के अधिकारी इससे कोई सिख नही लेते शायद इसी वजह से आशीष सिंह पर अब तक कार्रवाई नही हुई है जबकि उनके क्षेत्र में 55 पेटी एमपी की शराब का जखीरा पकड़ा गया है शायद इसे ही अंधा कानून कहा जाता है….

GiONews Team

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