गोरखपुर – आर्थिक तंगी की वजह से एक मां ने 50 हजार रुपए में अपने तीन महीने के मासूम बेटे को एक अन्य महिला के हाथों बेच दिया. मां ने घटना को छिपाने के लिए बेटे के अपहरण की झूठी कहानी गढ़ दी. खबर मिलते ही हड़कंप मच गया. सीसीटीवी फुटेज के आधार पर पुलिस ने एक घंटे के अंदर न सिर्फ बच्चे को बरामद कर लिया बल्कि उस महिला को भी पकड़ लिया जिसने बच्चा खरीदा था. बच्चा खरीदने वाली महिला और बच्चे की मां दोनों पुलिस की हिरासत में हैं.

गोरखनाथ इलाके के इलाहीबाग की रहने वाली सलमा खातून पत्नी शमशाद ने गोरखनाथ पुलिस को सूचना दी कि वह रसूलपुर स्थित शहनाई मैरिज हाउस के पास से पैदल गुजर रही थी. इस बीच लाल रंग की साड़ी पहनी हुई एक महिला आई. उसने उससे बच्चे छीना और चार पहिया गाड़ी से फरार हो गई. बच्चे के अपहरण की सूचना पर पुलिस के हाथ पांव फूल गए. आनन-फानन में एसपी सिटी सोनम कुमार मौके पर पहुंचे और मामले की पड़ताल शुरू कर दी.

घटनास्थल से पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज खंगालना शुरू किया. घटनास्थल पर लगे सीसीटीवी में ही शातिर मां की हरकतें कैद हो गई थीं. मासूम की मां ने जिस महिला पर बच्चे के अपहरण का आरोप लगाया वह खुद घटनास्थल पर उससे काफी देर बात करती हुई कैमरे में कैद हो गई थी. इसके बाद महिला ने एक ई-रिक्शा रुकवाया और बच्चे को उस महिला के हाथों में सौंप दिया. बच्चे को लेकर वह महिला चली गई.

एसपी सिटी ने बताया कि फुटेज के आधार पर बच्चे को लेकर गई महिला को खोजना शुरू किया गया. आखिरी फुटेज उसका गोरखनाथ थाने के बगल वाली गली में मिला जबकि हुमायूंपुर रोड पर आखिरी लोकेशन पाई गई. इसी आधार पर पुलिस ने शाही सिद्दीकी नाम की महिला को पकड़ लिया और बच्चे को सकुशल बरामद कर लिया गया. एसपी सिटी ने बताया कि मां ने ही बच्चे को 50 हजार रुपये में दूसरी औरत के हाथों बेच दिया था. इसकी जानकारी पति शमसाद को भी नहीं थी. शमसाद के चार बच्चे हैं. जब एक बेटे नहीं दिखा तो पति ने मासूम के बारे में पूछा, तब पत्नी ने अपहरण की मनगढ़त कहानी गढ़ ली. 

By GiONews Team

Editor In Chief