इस बार सेंट्रल जेल में बंद कैदियों की बहनें उन्हें रखी बांधने जेल में नहीं आ सकेंगी। - Dainik Bhaskar

कोरोना संक्रमण के कारण इस बार बहनें जेल में बंद अपने भाईयों को राखी नहीं बांध सकेंगी। जेल प्रबंधन इस बार कोरोना गाइडलाइन के तहत केवल शनिवार को ही लिफाफे में बंद रखियां ले रहा है। इसके बाद जेल प्रबंधन किसी की राखी स्वीकार नहीं करेगा।

केंद्रीय जेल के प्रभारी अधीक्षक आर.आर राय ने बताया कि कोरोना संक्रमण के कारण जेल प्रबंधन की ओर से इस बार रक्षाबंधन पर कोई कार्यक्रम आयोजित नहीं किया जाएगा । रक्षाबंधन पर बहनें जेल में बंद अपने भाईयों को राखी नहीं बांध सकेंगी। लेकिन बहनें अपने भाईयों के लिए लिफाफे में भरकर राखी जरूर भेज सकती हैं। जिसे जेल के गेट के पास छोड़ा जाएगा। इसके बाद प्रहरी राखियों को लेकर उनके भाईयों तक पहुंचाएंगे।

पहले जेल में जाने की दी जाती थी इजाजत

कोरोना संक्रमण के पहले रक्षाबंधन पर्व के लिए जेल प्रबंधन की ओर से विशेष व्यवस्था की जाती थी। इस दिन बहनें जेल आती थीं। बहनों को जेल में बंद अपने भाईयों के लिए राखी लेकर मिलाने जेल प्रबंधन के कर्मचारी जाया करते थे। लेकिन इस बार ऐसी कोई भी व्यवस्था नहीं की गई है।

2 हजार से अधिक कैदियों का हुआ वैक्सीनेशन

टीकाकरण अधिकारी मनोज सैमुअल ने बताया कि स्वास्थ्य विभाग की तरफ से सेंट्रल जेल में बंद लगभग सभी कैदियों को वैक्सीन के दोनों डोज लग चुके हैं। सेंट्रल जेल में इस वक्त 2 हजार से अधिक कैदी बंद है। इनमें से गिने चुने कैदियों को ही वैक्सीन लगना बाकी है।

By GiONews Team

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